अंशुल कमबोज का ओल्ड ट्रैफर्ड पर टेस्ट डेब्यू: भारत के 318वें खिलाड़ी की कहानी

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अंशुल कमबोज का ओल्ड ट्रैफर्ड पर टेस्ट डेब्यू: भारत के 318वें खिलाड़ी की कहानी

अंशुल कमबोज का ओल्ड ट्रैफर्ड पर टेस्ट डेब्यू: भारत के 318वें खिलाड़ी की कहानी

  • Ratna Muslimah
  • 4 मई 2026
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जब अंशुल कमबोज, भारतीय टेस्ट टीम के नए सदस्य ने मैदान में कदम रखा, तो यह सिर्फ एक साधारण शुरुआत नहीं थी। 24 वर्षीय इस दाहिने हाथ के तेज गेंदबाज ने मैनचेस्टर के प्रसिद्ध स्टेडियम में भारत का प्रतिनिधित्व किया और इतिहास में अपनी जगह बना ली। वह भारत के 318वें टेस्ट क्रिकेटर बने हैं।

यह मुकाबला चौथा टेस्ट था, जो ओल्ड ट्रैफर्ड में खेला गया। तब तक सीरीज़ में भारत 1-2 से पीछे था, और दबाव का पहाड़ टीम के ऊपर टूट पड़ा था। चोटों की लंबी लिस्ट ने भारतीय बोलिंग अटैक को हिला कर रख दिया था, जिससे कमबोज को यह मौका मिला।

चोटों के कारण मिली सुनहरी अवसर

वास्तव में, कमबोज शुरू में यात्रा करने वाली टीम का हिस्सा नहीं थे। लेकिन क्रिज़िस ने ही उन्हें नायक बना दिया। लॉर्ड्स टेस्ट के दौरान आकाश दीप को चोट लग गई और वे बाहर हो गए। इसके बाद अभ्यास सत्र में अर्शदीप सिंह को हाथ में चोट आई, जिससे उनकी भी उपलब्धता समाप्त हो गई। नितीश रेड्डी की चोट ने स्थिति को और जटिल बना दिया।

इस निर्णायक मैच के लिए टीम को ताकतवर बोलिंग की जरूरत थी। बीसीसीआई ने जुलाई 2025 में कमबोज को टीम में शामिल करने का ऐलान किया। पूर्व क्रिकेटर दीप दासगुप्ता ने उन्हें अपना पहला कैप भेंट किया। यह क्षण उनके लिए गर्व का था, क्योंकि उन्होंने अपनी मेहनत का फल तब पाया जब टीम को सबसे ज्यादा मदद चाहिए थी।

घरेलू क्रिकेट में उभरी प्रतिभा

कमबोज की यात्रा हरियाणा के करनाल से शुरू हुई। उनकी प्रतिभा पहले ही घरेलू क्रिकेट में चमक चुकी थी। 2019 में उन्होंने दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ भारत U-19 टीम के लिए दो युवा टेस्ट मैच खेले थे। लेकिन सच्ची पहचान उन्हें वीजाय हजारे ट्रॉफी 2023-24 में मिली, जहां उन्होंने 10 मैचों में 17 विकेट झटके।

रांची ट्रॉफी में उनका एक कारनामा आज भी चर्चित है। लाहली के चौधरी बंसी लाल क्रिकेट स्टेडियम में हरियाणा बनाम केरल के मैच में, कमबोज ने एक ही इनнинг में 10 विकेट लेने का रिकॉर्ड बनाया। रांची ट्रॉफी के इतिहास में पिछली बार ऐसा 39 साल पहले हुआ था। यह उपलब्धि ने साबित कर दिया कि वह बड़े स्तर के लिए तैयार हैं।

IPL में यात्रा और CSK का सहारा

टाई-20 क्रिकेट में कमबोज की शुरुआत 2023 IPL में रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर के साथ हुई थी। 2024 के नीलामी में मुंबई इंडियंस ने उन्हें ₹20 लाख में खरीदा। उस सीजन में उन्होंने तीन मैच खेले और दो विकेट लिए।

लेकिन 2025 IPL में चेन्नई सुपर किंग्स ने उन्हें अपनी टीम में शामिल किया। शुरुआत धीमी रही, लेकिन फिर उन्होंने आठ मैचों में आठ विकेट लिए। उनकी इकोनॉमी रेट 8.00 रही, जो टाई-20 के तेज माहौल में अच्छा माना जाता है। यह प्रदर्शन ने उन्हें राष्ट्रीय टीम में वापस लाने में मदद की।

ओल्ड ट्रैफर्ड का इतिहास और अब कमबोज

ओल्ड ट्रैफर्ड का इतिहास और अब कमबोज

ओल्ड ट्रैफर्ड का मैदान भारतीय क्रिकेट के लिए विशेष रहा है। 1990 में अनिल कुम्बले ने यहीं अपना टेस्ट डेब्यू किया था। 35 साल बाद, कमबोज ने उसी मिट्टी पर अपना नाम लिखा। यह समानता केवल संयोग नहीं, बल्कि एक उत्तराधिकारी की भावना पैदा करता है।

कमबोज ने साबित किया कि धैर्य और लगन का फल मीठा होता है। वह किनारे पर खड़े थे, लेकिन तैयारी जारी रखी। अब वह सीरीज़ को बचाने की कोशिश में हैं। चाहे परिणाम कुछ भी हो, उनकी शुरुआत यादगार रहेगी।

Frequently Asked Questions

अंशुल कमबोज ने टेस्ट डेब्यू क्यों किया?

अंशुल कमबोज को आकाश दीप और अर्शदीप सिंह की चोट के बाद टीम में शामिल किया गया। वे भारत के 318वें टेस्ट खिलाड़ी बने और ओल्ड ट्रैफर्ड में इंग्लैंड के खिलाफ चौथे टेस्ट में खेलें।

कमबोज की घरेलू क्रिकेट में क्या उपलब्धियां हैं?

उन्होंने रांची ट्रॉफी में एक इनिंग में 10 विकेट लिए, जो 39 सालों में पहली बार हुआ। वीजाय हजारे ट्रॉफी 2023-24 में उन्होंने 10 मैचों में 17 विकेट लिए।

IPL में कमबोज का प्रदर्शन कैसा रहा?

2024 में मुंबई इंडियंस के लिए उन्होंने 3 मैचों में 2 विकेट लिए। 2025 में चेन्नई सुपर किंग्स के लिए उन्होंने 8 मैचों में 8 विकेट लिए, जिसकी इकोनॉमी रेट 8.00 थी।

ओल्ड ट्रैफर्ड में पिछला भारतीय डेब्यू कौन था?

1990 में अनिल कुम्बले ने ओल्ड ट्रैफर्ड में अपना टेस्ट डेब्यू किया था। 35 साल बाद अंशुल कमबोज ने उसी मैदान पर डेब्यू किया।

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Ratna Muslimah

Ratna Muslimah

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मैं एक न्यूज विशेषज्ञ हूँ और मैं दैनिक समाचार भारत के बारे में लिखना पसंद करती हूँ। मेरे लेखन में सत्यता और ताजगी को प्रमुखता मिलती है। जनता को महत्वपूर्ण जानकारी देने का मेरा प्रयास रहता है।